Sports Ministry to establish Khelo India State Centres of Excellence (KISCE) to enhance India’s Olympic performance


Sports Ministry to establish Khelo India State Centres of Excellence (KISCE) to enhance India’s Olympic performance 


 

 

The Sports Ministry is all set to establish Khelo India State Centres of Excellence (KISCE) under the ministry’s flagship, Khelo India Scheme. One KISCE will be identified in each state and union territory, with an effort to create a robust sporting ecosystem in the entire country.

In the first leg, the Ministry has identified state-owned sports facilities in eight states of India, including, Karnataka, Odisha, Kerala, Telengana and the north east states of Arunachal Pradesh, Manipur, Mizoram and Nagaland which will be upgraded into Khelo India State Centre of Excellence (KISCE).

  • In order to upgrade the existing centre to the KISCE, the government will extend a ‘Viability Gap Funding’ in sports science and technology support for sports disciplines practiced at the centre and also bridge the gaps in requirement of sports equipment, expert coaches and high performance managers.
  • The support extended will be to Olympic sports, though support can be extended in sports science and allied fields in other sporting disciplines being run in the centre.
  • The state and UT will run the centre and build capacity to turn it into the world-class sporting facility, and will be responsible for all aspects of management of the centre including, boarding, lodging and maintenance, while funds for critical gaps such as expert coaches, support staff, equipment, infrastructure will be extended through the Khelo India Scheme.
  • The eight centres will be given a grant based on the actual amount finalised as per the requirement indicated after a comprehensive gap analysis study.
  • In a bid to broad-base talent identification, the states and UTs will also identify and develop talent in each sport for which funding is received at the centre.
  • The Sports Authority of India will extend expertise, resources and a monitoring system to ensure that the level of performance of the athletes improve to international standards.

In the first batch, the following sporting facilities will be upgraded to Khelo India State Centre of Excellence:

  1. Sangey Lhaden Sports Academy, Itanagar, Arunachal Pradesh

  2. Jaiprakash Narayan National Youth Center, Bangalore, Karanataka

  3. GV Raja Sr. Secondary Sports School, Thiruvananthapuram, Kerala

  4. Khuman Lampak Sports Complex, Imphal, Manipur

  5. Rajiv Gandhi Stadium, Aizawl, Mizoram

  6. State Sports Academy, IG Stadium, Kohima, Nagaland

  7. Kalinga Stadium, Bhubaneshwar, Odisha

  8. Regional Sports School, Hakimpet, Telangana. 

 

Source   pib-

 


खेल मंत्रालय ओलंपिक खेलों में भारत के प्रदर्शन को बेहतर बनाने के लिए खेलो इंडिया स्टेट सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस (केआईएससीई) की स्थापना करेगा


खेल मंत्रालय  अपनी फ्लैगशिप  खेलो इंडिया योजना के तहत खेलो इंडिया स्टेट सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस (केआईएससीई) की स्थापना के लिए पूरी तरह तैयार है। पूरे देश में एक मजबूत खेल पारिस्थितिकी तंत्र बनाने के प्रयासों के तहत  प्रत्येक राज्य और केंद्रशासित प्रदेश में ऐसा एक सेंटर चिन्हित किया जाएगा।

पहले चरण में, मंत्रालय ने  आठ राज्यों, कर्नाटक, ओडिशा, केरल और तेलंगाना तथा  अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मिजोरम और नागालैंड जैसे पूर्वोत्तर राज्यों में सरकारी स्वामित्व वाले ऐसे खेल सुविधा केन्द्रों की पहचान की है जिन्हें खेलो इंडिया स्टेट सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस में अपग्रेड किया जाएगा।

  • चयनित मौजूदा केन्द्रों को उत्कृष्टता वाले केन्द्रों में तब्दील करने के लिए  सरकार इन केंद्र में जिन खेलों के लिए प्रशिक्षण दिया जाता है उन खेलों के लिए  वैज्ञानिक और तकनीकी आवश्यकताओं तथा प्रशिक्षकों की नियुक्ति और जरुरी उपकरणों की आपूर्ति के लिए आ​र्थिक मदद उपलब्ध कराएगी।
  • हालांकि ऐसी मदद विशेष रूप से ओलंपिक खेलों को ध्यान में रखते हुए ही की जाएगी लेकिन केन्द्र में  खेल विज्ञान तथा उससे संबधित अन्य खेल गतिविधियों के लिए भी ऐसी मदद दी जाएगी। 
  • राज्य और केन्द्र शासित प्रदेश इन केन्द्रों को चलाएंगे और इनकी क्षमता बढ़ाकर इन्हें विश्व स्तरीय खेल सुविधा केन्द्रों में बदलने का काम करेंगे। 
  • इन केन्द्रों के  प्रबंधन की जिम्मेदारी भी इन्ही पर होगी। खिलाड़ियों के रहने और खाने की सुविधा आदि का काम भी इन्हें ही देखना होगा।
  • हालांकि विशेषज्ञ कोच , सहायक कर्मचारियों, उपकरण तथा आधारभूत अवसंरचना के विकास के लिए कम पड़ने वाली वित्तीय जरुरतों को खेलो इंडिया योजना के जरिए पूरा किया जाएगा।
  • चयनित आठ केन्द्रों को एक व्यापक विश्लेषण के बाद इंगित की गई आवश्यकता के अनुसार अनुदान दिया जाएगा। व्यापक-आधार पर खेल प्रतिभाओं की पहचान करने के लिए राज्य और केन्द्र शासित प्रदेश उन खेलों के लिए प्रतिभाओं की पहचान करेंगे जिनके लिए केन्द्र की ओर से आर्थिक मदद की व्यवस्था की गई है। 
  • भारतीय खेल प्राधिकरणअपनी ओर से इन केंद्रों  के लिए  विशेषज्ञता, संसाधनों और एक निगरानी प्रणाली की व्यवस्था करेगा ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि इन केन्द्रों में प्रशिक्षिण लेने वाले एथलीटों के प्रदर्शन में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप सुधार हुआ है।

                        

पहले चरण में, निम्नलिखित खेल सुविधा केन्द्रों को खेलो इंडिया स्टेट सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में तब्दील किया जाएगा:

  1. संगी लाहेन खेल अकादमीईटानगरअरुणाचल प्रदेश

  2. जयप्रकाश नारायण राष्ट्रीय युवा केंद्रबेंगलुरूकर्नाटक

  3. जी वी राजा सीनियर सेकेंडरी स्पोर्ट्स स्कूलतिरुवनंतपुरमकेरल

  4. खुमान लम्पक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्सइंफालमणिपुर

  5. राजीव गांधी स्टेडियमआइजोलमिजोरम

  6. स्टेट स्पोर्ट्स अकादमीआईजी स्टेडियमकोहिमानागालैंड

  7. कलिंग स्टेडियमभुवनेश्वरओडिशा

  8. रीजनल स्पोर्ट्स स्कूलहकीमपेटतेलंगाना।

 

स्रोत    pib-

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